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शारदीय नवरात्र

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शारदीय नवरात्र 15 अक्टूबर से आरंभ हो रहे है जो 24 अक्टूबर दशहरे के दिन समाप्त होंगे।

शारदीय नवरात्र 15 अक्टूबर से आरंभ हो रहे है जो 24 अक्टूबर दशहरे के दिन समाप्त होंगे।

नवरात्र के 9 दिनों में माता के नौ स्वरूपों की पूजा की जाती है।

मां दुर्गा को ही आदिशक्ति के रुप में पूजा जाता है।

भारत संस्कृतियों, परम्पराओं व सभ्यताओं का देश है। हिन्दू धर्म में उपासना और त्यौहारों का अपना महत्व है, दिन, महीने व साल के मुताबिक भगवान को पूजने की विधि है। इन्हीं त्यौहारों में से एक है शारदीय नवरात्र का त्यौहार जहां मां दुर्गा के अलग-अलग नौ रुपों की पूजा लगातार नौ दिनों तक की जाती है।

हिन्दू धर्म में 9 दिन तक चलने वाले नवरात्र का बहुत महत्व है। हिंदू पंचांग के अनुसार, शारदीय नवरात्र की शुरूआत प्रत्येक वर्ष आश्विन माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से होती है और दशमी तिथि को इसका समापन हो जाता है। इस बार शारदीय नवरात्र 15 अक्टूबर से आरंभ हो रहे है जो 24 अक्टूबर दशहरे के दिन समाप्त होंगे।

नवरात्र के 9 दिनों में माता के नौ स्वरूपों की पूजा की जाती है। सनातन धर्म में प्राचीन काल से ही आदिशक्ति की पूजा की प्रथा चली आ रही है। मां दुर्गा को ही आदिशक्ति के रुप में पूजा जाता है। नवरात्र के नौ दिनों में माता के भक्त संयम, नियम, यज्ञ, पूजन, योग-ध्यान और साधना के साथ आदिशक्ति की पूजा करते हैं। आधुनिक समय नवरात्र के व्रत से हमारा मन और शरीर तो स्वस्थ्य होता ही है साथ ही हमारे शरीर में सत्व तत्वों का विकास भी होता है।

 

शारदीय नवरात्र 2023 कैलेंडर

15 अक्टूबर 2023- मां शैलपुत्री की पूजा

16 अक्टूबर 2023- मां ब्रह्मचारिणी की पूजा

17 अक्टूबर 2023- मां चंद्रघंटा की पूजा

18 अक्टूबर 2023- मां कूष्मांडा की पूजा

19 अक्टूबर 2023- मां स्कंदमाता की पूजा

20 अक्टूबर 2023- मां कात्यायनी की पूजा

21 अक्टूबर 2023- मां कालरात्रि की पूजा

22 अक्टूबर 2023- मां सिद्धिदात्री की पूजा

23 अक्टूबर 2023- मां महागौरी की पूजा

24 अक्टूबर 2023- विजयदशमी (दशहरा)

 

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