कारगिल विजय दिवस राष्ट्रभक्ति, वीरता एवं राष्ट्रीय एकता का अमर प्रतीक; अभाविप ने देशभर में निकाली तिरंगा यात्राएँ

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अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. वीरेंद्र सिंह सोलंकी ने कहा कि “कारगिल विजय दिवस हमें यह स्मरण कराता है कि राष्ट्र सर्वोपरि है।

नई दिल्ली, 27 जुलाई 2026। कारगिल विजय दिवस के अवसर पर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) ने मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले सभी अमर वीर सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित की। कारगिल विजय दिवस भारत की राष्ट्रभक्ति, वीरता, राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता का अमर प्रतीक है।

कारगिल विजय दिवस के अवसर पर अभाविप के नेतृत्व में युवाओं ने नई दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, जम्मू-कश्मीर, लखनऊ, वाराणसी, प्रयागराज, चंडीगढ़ सहित देशभर के विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों एवं नगरों में तिरंगा यात्राओं, श्रद्धांजलि सभाओं तथा राष्ट्रजागरण कार्यक्रमों का आयोजन किया।

कारगिल विजय दिवस पर देशभर में आयोजित तिरंगा यात्राओं में युवाओं की अभूतपूर्व सहभागिता ने यह स्पष्ट संदेश दिया है कि भारत की युवा पीढ़ी राष्ट्र प्रथम की भावना के साथ राष्ट्रनिर्माण एवं राष्ट्रीय अखंडता की रक्षा के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है। विद्यार्थियों के न्यायोचित विषयों को किसी भी राजनीतिक स्वार्थ अथवा राष्ट्रविरोधी एजेंडे का माध्यम नहीं बनाया जाना चाहिए। शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधारों की अपनी मांग को पुनः मुखर करते हुए अभाविप ने नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर देशविरोधी शक्तियों द्वारा भारतीय सेना के विरुद्ध की गई अशोभनीय एवं आपत्तिजनक टिप्पणियों का उक्त कार्यक्रमों के माध्यम से प्रतिवाद किया है।

परिषद ने कहा कि हाल के घटनाक्रमों में डीप स्टेट तथा कांग्रेस समर्थित वामपंथी तंत्र ने विद्यार्थियों की वास्तविक समस्याओं का उपयोग अपने राजनीतिक एवं वैचारिक हितों की पूर्ति के लिए करने का प्रयास किया तथा आंदोलन को उसके मूल उद्देश्य से भटकाने का प्रयास किया। ऐसे प्रयास देश की एकता, अखंडता, संप्रभुता एवं राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए घातक हैं। भारत का विद्यार्थी समाज सदैव राष्ट्रहित को सर्वोपरि मानता है और देशविरोधी शक्तियों का माध्यम कभी नहीं बनेगा।

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. वीरेंद्र सिंह सोलंकी ने कहा कि “कारगिल विजय दिवस हमें यह स्मरण कराता है कि राष्ट्र सर्वोपरि है। विद्यार्थियों की चिंताओं को गंभीरता से लेते हुए सरकार द्वारा किए गए निर्णय – केंद्रीय शिक्षा मंत्री का त्यागपत्र, परीक्षा माफिया के विरुद्ध फास्ट ट्रैक न्यायालयों की स्थापना, प्रशासनिक सुधार तथा दोषियों के विरुद्ध कठोर विधायी प्रावधानों की पहल विद्यार्थियों के हित में महत्वपूर्ण एवं स्वागतयोग्य कदम हैं। आज देशभर में निकली तिरंगा यात्राओं ने पुनः सिद्ध किया है कि भारत का युवा ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना के साथ देश की एकता, अखंडता एवं राष्ट्रीय सुरक्षा की रक्षा के लिए सदैव प्रतिबद्ध है।”

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